UP/हाथरस। उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण लखनऊ के आदेश तथा जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण विनय कुमार के निर्देश पर 12 सितम्बर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियों को लेकर न्यायिक अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई। बैठक अपर जनपद न्यायाधीश/नोडल अधिकारी लोक अदालत प्रशान्त कुमार की अध्यक्षता में हुई। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव अनु चौधरी मौजूद रहीं।बैठक में अपर जनपद न्यायाधीश/नोडल अधिकारी लोक अदालत प्रशान्त कुमार ने राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारण के लिए चिन्हित वादों की समीक्षा की। उन्होंने समस्त न्यायिक अधिकारियों को अधिक से अधिक वाद चिन्हित करने तथा संबंधित पक्षकारों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।उन्होंने निर्देशित किया कि ऐसे पुराने वाद, जिनका निस्तारण सुलह-समझौते के आधार पर किया जा सकता है, उनमें पक्षकारों को आपसी सहमति के लिए प्रेरित किया जाए। साथ ही सुलह-समझौते के माध्यम से राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारित किए जा सकने वाले वादों को चिन्हित कर उनके निस्तारण के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएं, जिससे राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाया जा सके।बैठक में अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट दीपक नाथ सरस्वती, सिविल जज (व.प्र.)/एफटीसी ईशा अग्रवाल, सिविल जज (क.प्र.) सारांश शर्मा, न्यायिक मजिस्ट्रेट खुशबू चन्द्रा, सिविल जज (क.प्र.)/एफटीसी-2 अरिजीत सिंह, सिविल जज (क.प्र.)/एफटीसी-1 रोबिन कुमार तथा अपर सिविल जज (क.प्र.) सादाबाद शिव कुमार यादव उपस्थित रहे।
Hathras; राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वाद निस्तारित कराने पर जोर














