UP/HATHRAS रूदायन से गौवंश के साथ कांबड यात्रा को जाते कांबडिया हाथरस। गांव रुदायन से करीब दर्जनभर से अधिक कांवड़ियों का एक विशेष जत्था गंगाजल लेने के लिए रामघाट के लिए रवाना हुआ। कांबडियों की इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य धार्मिक आस्था के साथ-साथ एक बड़े सामाजिक और राष्ट्रीय संदेश को लेकर गौमाता को ‘राष्ट्रमाता’ का दर्जा दिलाना है। अपने इस संकल्प को उजागर करने के लिए श्रद्धालु कांवड़ यात्रा में अपने साथ गौमाता को भी लेकर रवाना हुए हैं।
शनिवार को गौसेवा और सनातन धर्म के प्रति समर्पित इस कांवड़ यात्रा को लेकर गांव रुदायन और आसपास के ग्रामीण इलाकों में भारी उत्साह देखा जा रहा है। कांवड़ियों ने प्रस्थान से पूर्व गांव में पूजा-अर्चना की और ‘हर-हर महादेव’ तथा ‘जय गौमाता’ के गगनभेदी जयकारों के साथ अपनी यात्रा का शुभारंभ किया। जगह-जगह ग्रामीणों ने पुष्पवर्षा कर और आरती उतारकर कांवड़ियों व गौमाता का भव्य स्वागत किया। इस यात्रा में प्रमुख रूप से सीटू पंडित, गौरांश पंडित, प्रवीन चैधरी, कांता राजपूत,सूरज पंडित, प्रिंस पंडित, पिंटू ठाकुर, रवि कश्यप, लवकुश चैधरी, आशीष पंडित, विष्णु ठाकुर, मोहित पंडित, बौबी चैधरी, चेतन पंडित कांवड़ियों ने बताया कि गौमाता केवल धार्मिक आस्था का केंद्र नहीं हैं, बल्कि वे संपूर्ण भारतवर्ष की अर्थव्यवस्था, संस्कृति और स्वास्थ्य का आधार हैं। जब तक गौमाता को राष्ट्रमाता का दर्जा प्राप्त नहीं हो जाता, तब तक वे इस प्रकार के जनजागरण अभियान और धार्मिक यात्राएं आयोजित करते रहेंगे।
hathras: रुदायन से रामघाट रवाना हुआ कांवड़ियों का जत्था, गौमाता को ‘राष्ट्रमाता’ घोषित कराने का लिया संकल्प














