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बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर पूर्व अध्यक्ष पंडित आशीष शर्मा ने पंच तीर्थ बाबा साहेब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण व पुष्प अर्पित किए

हाथरस ! 12 मई आज भगवान बुद्ध के परिनिर्वाण दिवस बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर नगर पालिका परिषद हाथरस के पूर्व अध्यक्ष पंडित आशीष शर्मा जी ने स्थानीय ओढपुरा स्थित पंच तीर्थ बाबा साहेब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण व पुष्प अर्पित किए !
इस अवसर पर पूर्व पालिका अध्यक्ष पंडित आशीष शर्मा जी ने बतौर मुख्य अतिथि संबोधित करते हुए कहा कि भगवान बुद्ध का जन्म शाक्य गणराज्य की तत्कालीन राजधानी कपिलवस्तु के निकट लुंबिनी में हुआ था जो नेपाल में स्थित है ! गौतम गोत्र में जन्म लेने के कारण वे गौतम भी कहलाए ! इनका बचपन का नाम सिद्धार्थ था, अर्थात वह जो सिद्धि प्राप्त के लिए जन्मा हो ! जन्म समारोह के दौरान साधु दृष्टा आसित ने अपने पहाड़ के निवास से घोषणा की कि बच्चा या तो एक महान राजा या एक महान पवित्र पथ प्रदर्शक बनेगा !
पूर्व पालिका अध्यक्ष पंडित आशीष शर्मा जी ने आगे कहा कि सिद्धार्थ का मन बचपन से ही करुणा और दया का स्रोत था, इनका परिचय आरंभिक जीवन की घटनाओं से पता चलता है उन्होंने एक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि, घुड दौड़ में जब घोड़े दौड़ते और उनके मुंह से झाग निकलने लगता तो सिद्धार्थ उन्हें थका जानकर वहीं रोक देता और जीती बाजी हार जाता ! खेल में सिद्धार्थ को हार जाना पसंद था ! किसी को हराना और किसी का दुखी होना उनसे देखा नहीं जाता था ! पूर्व पालिका अध्यक्ष पंडित आशीष शर्मा जी ने कहा कि हमें ऐसे महान पुरुषों से प्रेरणा लेनी चाहिए !
इस कार्यक्रम में ओढपुरा निवासी प्रेम बाबू के पुत्र डॉक्टर मित्र भूषण के एमबीबीएस होने पर पूर्व पालिका अध्यक्ष पंडित आशीष शर्मा जी ने उनको स्नेहाशीश आशीर्वाद दिया !
इस मौके पर पूर्व पालिका अध्यक्ष पंडित आशीष शर्मा जी का प्रेम बाबू, मुकेश कुमार, प्रताप गौतम, कुलदीप भूषण, राजेश कुमार, अरविंद कुमार, राहुल आदि लोगों ने जोरदार स्वागत किया !
कार्यक्रम के दौरान बाबा साहेब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर जी की 134 वे जन्म दिवस पर विशाल शोभायात्रा में पधारी झांकी, बैंड, नफीरी, डी जे, ढोल, नगाड़े वालों का स्वागत भी किया गया !
कार्यक्रम में आयोजक मंडल द्वारा प्रसादी का भी आयोजन किया गया !
कार्यक्रम को सफल बनाने में सुनहरी लाल, प्रभु दयाल, सुल्तान सिंह, नौबत सिंह, विजय बिजली वाले, विशाल दिक्षित,जेपी पंडित, श्यामबाबू, डॉ मुकेश, गया प्रसाद, स्वामी दास, भूरी सिंह, उदय राम, रामदास आदि का सराहनीय योगदान रहा !

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